जयपुर राजधानी जयपुर में अरावली पर्वत श्रृंखला के संरक्षण की मांग को लेकर शुक्रवार को एनएसयूआई की ओर से पैदल मार्च निकाला गया। इस मार्च में एक खास दृश्य तब देखने को मिला, जब कांग्रेस के वरिष्ठ नेता सचिन पायलट के पुत्र आरहन पायलट भी इसमें शामिल हुए।
‘अरावली बचाओ अभियान’ के तहत आयोजित इस पैदल मार्च में आरहन पायलट की मौजूदगी ने कार्यक्रम को खास बना दिया। उनके शामिल होते ही युवा नेताओं और छात्र कार्यकर्ताओं में उत्साह देखने को मिला। बड़ी संख्या में युवाओं ने उनके साथ सेल्फी ली और उनका गर्मजोशी से स्वागत किया।

एनएसयूआई द्वारा यह मार्च अरावली क्षेत्र में हो रहे अवैध खनन और पर्यावरण को पहुंच रहे नुकसान के विरोध में निकाला गया। संगठन का कहना है कि अरावली पर्वत श्रृंखला न केवल राजस्थान बल्कि पूरे उत्तर भारत के पर्यावरणीय संतुलन के लिए बेहद महत्वपूर्ण है, इसलिए इसका संरक्षण सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।
पैदल मार्च के दौरान छात्र नेताओं और युवाओं ने हाथों में पोस्टर-बैनर लेकर अरावली संरक्षण के समर्थन में नारे लगाए। मार्च के माध्यम से सरकार और प्रशासन का ध्यान इस गंभीर मुद्दे की ओर आकर्षित करने का प्रयास किया गया।
गौरतलब है कि यह पहला अवसर है जब सचिन पायलट के पुत्र आरहन पायलट किसी सार्वजनिक रैली या मार्च में नजर आए। इससे पहले सचिन पायलट के दोनों बेटे राजनीतिक मंचों और रैलियों से दूरी बनाए रखते रहे हैं।
